शिक्षक दिवस पर यूपी टाॅपरों को 
एक-एक लाख की चेक देकर किया गया सम्मानित 


यूपी टाॅपरों को चेक देते जिला विद्यालय निरीक्षक अवधेश नारायण मौर्य

फतेहपुर। शिक्षक दिवस के अवसर पर जनपद के विभिन्न कार्यक्रमो का आयोजन किया गया कही बच्चो ने गुरूजनो को उपहार देकर सम्मानित किया तो कही गुरूजनो ने विद्यालय का नाम रोशन करने वाले होनहारो को सम्मानित किया। 
मंगलवार को शिक्षक दिवस के अवसर पर शहर क्षेत्र के राधानगर सरस्वतीपुरम स्थिति जय मां सरस्वती ज्ञान मन्दिर इण्टर कालेज में सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। जिसका मुख्य अतिथि जिला विद्यालय निरीक्षक अवधेश नारायण मौर्य ने द्वीप प्रज्वलित कर शुभारम्भ किया तत्पश्चात यूपी बोर्ड परीक्षा की हाईस्कूल यूपी टाॅपर तेजस्वी विश्वकर्मा व इण्टरमीडिएट यूपी टाॅपर प्रियाशी तिवारी को जिला विद्यालय निरीक्षक अवधेश नारायण मौर्य ने पंचानन राय स्मृति योजना के अन्तर्गत एक-एक लाख रूपये की चेके देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रबन्धक अजय प्रताप सिंह, मुख्य अतिथि जिला विद्यालय निरीक्षक को स्मृति चिन्ह भेटकर अभिनन्दन किया और कहा कि विद्यार्थियो को तेजस्वी से प्रेरणा लेनी चाहिये। प्रधानाचार्य विनय प्रताप सिहं ने विद्यालय की सफलता के लिये विद्यार्थियो की कठिन मेहनत, अभिभावको, मार्गदर्शन व अध्यापको के अथक प्रयास की सराहना की और पुनः विद्यालय को शिखर पर पहुचाने के लिये छात्र-छात्राओं को उत्साहित किया। इस अवसर पर विद्यालय के अध्यक्ष शिवपाल पाण्डेय, उपाध्यक्ष योगेश द्विवेदी, प्रशान्त दीक्षित, जितेन्द्र सिह,ं नरेन्द्र सिंह, दिलशाद अहमद, अवधेश कुमार, छत्रप्रकाश, अम्ब्रीश, नीरज के अलावा शिक्षक शिक्षिकाये मौजूद रहे। इसी तरह शहर के लखनऊ रोड़ स्थित नूरूल हुदा इंग्लिश मीडिएम स्कूल मे भी शिक्षक दिवस उत्साह के साथ मनाया गया। इस दौरान विद्यालय के बच्चों द्वारो विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया जिस पर विद्यालय के प्रबन्धक मो0 मौलाना उमर शरीफ मजाहिरी व निर्देशक अबूबक्र अनीस ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें उपहार देकर सम्मानित किया। 

ईदगाह में नमाज़ अदा करते फर्जंदाने  तौहीद 
नमाज़ के बाद मुबारक बाद पेश करते 
पुलिस के आला अफसरान और सियासी लीडरान 


जयपुरिया इन्स्टीट्यूट आॅफ मैनेजमेण्ट लखनऊ द्वारा सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित 

कानपुर। व्यवसाय प्रबन्धन संस्थान में आज दिनांक 01.09.2017 को सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता का आयोजन जयपुरिया इन्स्टीट्यूट आॅफ मैनेजमेण्ट लखनऊ द्वारा किया गया। यह प्रतियोगिता सामान्य ज्ञान पर आधारित थी इस प्रतियोगिता में आई0बी0एम0 की 43 टीमों ने भाग लिया प्रत्येक टीम में दो प्रतिभागी थे।प्रतियोगिता में प्रथम विजेता सौरभ पटेल और प्रज्जवल त्रिपाटी की टीम द्वितीय विजेता नन्दनी शुक्ला और कीर्ति प्रताप की टीम एवं तृतीय विजेता ज्योतिमा त्रिपाठी और मोहम्मद वकार की टीम रही।
इस अवसर पर व्यवसाय प्रबन्धन संस्थान के निदेशक प्रो0 संजय कुमार श्रीवास्तव ने विजेताओं को पुरूस्कृत किया। जयपुरिया इन्स्टीट्यूट आॅफ मैनेजमेण्ट लखनऊ की मार्केटिंग आॅफिसर शिरीन गंगाधरन ने प्रतियोगिता को सम्पन्न कराया।
इस अवसर पर संस्थान के संकाय सदस्य डा0 अन्शू यादव, श्री शाह मोहम्मद, डा0 के0 के0 बाजपेयी, साक्षी बाजपेयी, आशा गौड़, प्रियंका प्रधान, रिचा गुप्ता, सारिका गुप्ता, रिचा सिंह आदि सभी संकाय सदस्य उपस्थित रहे।

आइकोनिक मिनी अब शहर में नज़र आएगी 
 
कानपुर।  मिनी इंडिया ने आपके शहर सहित भारत के 18 शहरों में आइकोनिक मिनी गो.कार्ट एक्सपीरिएंस उपलब्ध कराने के लिये मिनी आॅन टुअर की शुरूवात की।
एक वार्ता के दौरान विक्रम पावाह ने बताया कि मिनी आॅन टुअर एक स्टेट.आॅफ.द आॅर्ट मोबाइल शोरूम है। इसमें ब्रांड फ्लैगशिप न्यू मिनी क्लबमैन को प्रदर्शित किया जाता है। यह ग्राहकों को भारत में उपलब्ध सभी मिनी रेंज की कारों का अनुभव प्राप्त करने और उनकी टेस्ट ड्राइव कराने का अवसर प्रदान करता है। मिनी आॅन टुअर को शहर में दो प्रमुख स्थानों पर चार दिनों के लिये आयोजित किया जायेगा। कहा कि मिनी आॅन टुअर के माध्यम से हम आपको अपने दैनिक जीवन से बाहर आने और प्रतिष्ठित मिनी के साथ आपके सामान्य जीवन में रोमांच, सहजता और अतिरिक्त उत्साह का समावेश करने के लिये आमंत्रित करते हैं। कारों की मिनी रेंज की खोज करे, उन्हें करीब से देखें और अपने लिये सर्वश्रेष्ठ उपयुक्त मिनी  पायें। ग्राहक अपनी पसंदीदा मिनी को आॅन द स्पाॅट (मौके पर ही) बुक भी करवा सकते हैं। उपभोक्ता 23 शहरों में बीएमडब्लू आॅथोराइज्ड सर्विस सेंटर्स पर अपनी मिनी की सर्विसिंग करा सकते हैं। 
हज़रते इब्राहीम ने हज़रते इस्माईल को अल्लाह की रज़ा के लिए क़ुर्बान किया - मौलाना हस्सान क़ादरी
तन्जीम बरेलवी उलमाए अहले सुन्नत के जेरे एहतिमाम दर्से पैगामे मुस्तफा अजीतगंज में आयोजित

कानपुर 27 अगस्त।  ईदुल अज्हा (कुर्बानी की ईद) मुसलमान हजरत इब्राहीम व हजरत इस्माईल की यादगार के तौर पर मनाते हैं क्यूँकि आज से कई सौ साल पहले हजरत इब्राहीम ने रजाए मौला की खातिर अपने बेटे हजरत इस्माईल को कुर्बान कर दिया था, अताअते रब और तस्लीमो रजा की वो मिसाल काएम की थी कि दुनिया आज भी हैरान है, मुसलमान 10-11-और 12 जिल्हिज्जा को उसी वाकिएै खलीली को याद को ताजा करते हैं, कुर्बानियाँ करते हैं, अपने रब की बारगाह में सरे तस्लीम खत्म करते हैं और उसी ईसारो वफा का जज्बा अपने दिल में पैदा करते हैं, मुसलमानों की यह ईद शुक्राने की ईद है, तक्बीरो तहलील की ईद है और खुदा की राह में जानो माल की कुर्बानी पेश करने की ईद है। इस मुबारक ईद में मुसलमान अपने रब से उसकी मर्जी के मुताबिक जिंदगी गुजारने का अहद करते हैं, ईदुलअज्हा को सिर्फ गोश्त खाने का त्योहार समझना गलत है, सुन्नते इब्राहीमी को जिंदा रखना, अताअते मौला और रजाए मौला का भूला हुआ सबक याद करना ही दरअस्ल ईदुलअज्हा की हकीकत है। 
यह बात तन्जीम बरेलवी उलमाए अहले सुन्नत के जेरे एहतिमाम अजीतगंज मे साप्ताहिक जलसा दर्से पैगामे मुस्तफा मे तन्जीम के मीडिया इंचार्ज मौलाना मोहम्मद हस्सान कादरी ने जलसे मे बताई उन्होने आगे कहा कि कुरआने पाक में रब तआला ने इरशाद फरमाया जिसका तर्जुमा है  कि अपने रब के लिये नमाज पढ़ो और कुर्बानी करो। कुर्बानी में बहुत सी हिक्मतें पोशीदा हैं और अहादीस में इसके बेशुमार फजाएल बयान किये गए हैं। इमामे तिर्मिजी ने हजरत आएशा सिद्दीका रजि अल्लाहु अंहा से रिवायत की कि रसूलुल्लाह अलैहिस्सलाम ने इरशाद फरमाया, ईदुलअज्हा के दिन इब्ने आदम का कोई अमल अल्लाह तआला के नजदीक कुर्बानी से ज्यादा पसंदीदा नहीं है, कयामत के दिन कुर्बानी का जानवर अपने सींगों, बालों और खुरों के साथ आएगा, कुर्बानी का खून जमीन पर गिरने से पहले अल्लाह के नजदीक मकबूल हो जाता है, लिहाजा तुम खूब अच्छी तरह कुर्बानी करो...
कुर्बानी के जानवरों को एैब से पाक होना चाहिये, अगर थोड़ा भी एैब है तो कुरबानी तो हो जाएगी लेकिन खिलाफे सुन्नत और मकरूह होगी, और अगर ज्यादा एैब है तो कुर्बानी होगी ही नहीं कुर्बानी का जानवर जितना अच्छा हो उतना ही बेहतर है मगर कुर्बानी करने वाले की नियत हर्गिज सिर्फ गोश्त हासिल करने की ना हो, अगर एैसी नियत हुई तो कुर्बानी होगी ही नहीं, और जिस जानवर के दाँत ना हों या जिसके थन कटे हों या खुश्क हों, जिसकी नाक कटी हो, जिसमें नर और मादा दोनों की अलामतें पाई जाएँ, और जो सिर्फ गिलाजत (गंदा) खाता हो, इन सबकी कुर्बानी नाजाएज है
कुर्बानी के गोश्त के 3 हिस्से किये जाएँ, एक हिस्सा गरीब व मिस्कीन के लिये, एक हिस्सा दोस्त व अहबाब के लिये, और एक हिस्सा घर वालों के लिये, अगर अहलो अयाल, बाल बच्चे ज्यादा हों तो सारा गोश्त घर पर के लिये भी रखने में कोई हर्ज नहीं है, कुर्बानी का चमड़ा, उसकी झोल, रस्सी और गले का हार वगैरह इन तमामी चीजों को सदका करदें, कुर्बानी के चमड़े को अपने काम में लाना भी जाएज है, जैसे जा नमाज मशकीजा, दस्तर ख्वान और डोल वगैरह बना लेना
हाँ चमड़ा बेचकर उसकी रकम अपने खर्च में लाना नाजाएज है, अगर बेचना ही है तो बेचकर उसकी रक्म को सदका करदें, या मस्जिद में दे दें,  इसी तरह कब्रिस्तान और मदरसों की तामीर में भी उसकी रक्म लगाना कारे खैर है आला हजरत फाजिले बरेलवी फरमाते हैं- और सबसे बेहतर यही है कि चमड़ा मदारिसे अहले सुन्नत में दे देना ही सबसे ज्यादा सवाब का काम है। 
जलसे की सदारत तन्जीम के सदर हाफिज व कारी सय्यद मोहम्मद फैसल जाफरी और निजामत कारी कलीमुल्लाह कादरी ने की इससे पहले जलसे का आगाज तिलावते कुरान पाक से हाफिज सिकन्दर अहमद अजहरी ने किया जनाब वसीमुल्लाह अजहरी और हाफिज सिकन्दर ने नात पाक पेश की जलसा सलातो सलाम व दुआ के साथ खत्म हुआ जलसे के संयोजक मोहम्मद सलीम व कमालुददीन ने आए हुए मेहमानो का शुक्रिया अदा किया इस मौके पर हाजी शमीमुल्लाह चिश्ती,अतीकुर्रहमान,मोहम्मद रिजवान,अनवार भाई आदि लोग मौजूद थे.


शहर कानपुर के लोहानी बने रेलवे के चेयरमैन
बचपन में चलाते थे खिलौने की ट्रेन

कानपुर । देश में लगातार हो रहे ट्रेन हादसों को देखते हुए अश्विनी लोहानी को रेलवे का नया चेयरमैन बनाया गया है। लेकिन शायद ही कुछ लोगों को पता होगा कि लोहानी को बचपन से ही ट्रेन बहुत पसंद थी। उनके साथी अशोक कटियार का कहना है कि हम लोग बचपन में खिलौने की ट्रेन से खूब खेलते थे। अगर ट्रेन लड़ जाती थी तो बहुत दुख मनाते थे। पर अब देखना होगा कि लोहानी बढ़ रहे रेल हादसों को रोकने में कहां तक कामयाब हो पाते हैं। 
पिछले तीन साल में करीब तीन दर्ज ट्रेन हादसे हुए और करीब तीन सौ यात्रियों को जान गवानी पड़ी। यही नहीं करीब एक हजार से ज्यादा मुसाफिर घायल हो गये। जिसके बाद रेलवे ने बेपटरी रेल को दुरूस्त करने के लिए कानपुर से शिक्षा ग्रहण करने वाले अश्वनी लोहानी को रेलवे बोर्ड का चेयरमैन बनाया है। कनपुरियों को जब इसकी भनक हुई तो उनकी खुशी दुगुनी हो गई। लोगों का कहना है कि पहले हमारे शहर के रामनाथ कोविंद देश के प्रेसीडेंट चुने गए, वहीं अब यहां से पढ़े लिखे लोहानी को रेलवे के सबसे बड़े ओहदे पर बैठाया गया है। लोहानी का बचपन हर्षनगर में गुजरा, वे किराए के मकान में रहकर शिक्षा-दीक्षा ली। लोहानी की मुंहबोली भाभी शोभा कटियार कहती हैं कि वो हमारी शादी में शामिल हुए थे और मुंह दिखाई के तौर पर गणेभ प्रतिमा दी थी। 
किराए के मकान में रहे 30 साल - अश्वनी लोहानी के पिता बसंत कुमार लोहानी कानपुर के हर्ष नगर स्थित पेट्रोल पंप के सामने वाली गली में रामसनेही कटियार के मकान में किराये पर करीब 30 वर्ष तक रहे थे। बचपन में लोहानी आरएस कटियार के बेटे सुबोध कटियार के बहुत करीबी थे। सुबोध कटियार अब इस दुनिया में नहीं है लेकिन अश्वनी का उनके साथ बहुत समय बीता है। सुबोध कटियार के छोटे भाई की पत्नी शोभा कटियार कहती हैं कि अश्वनी भाई साहब ने ने एक किताब लिखी है। इसमें उन्होंने हमारे बड़े भाई सुबोध को भी जगह दी है। आज भी जब वह कानपुर आते हैं तो घर जरूर आते हैं। शोभा ने बताया कि दो साल पहले वो सुबोध जी के निधन की सूचना पर घर आए थे। घाट तक साथ गए और अपने दोस्त के अंतिम संस्कार के दौरान फूट-फूटकर रोए थे। शोभा कहती हैं कि वो किराएदार नहीं, बल्कि हमारे घर के एक सदस्य की तरह रहते थे। आरएस कटियार के दूसरे बेटे अशोक कटियार ने बताया कि लोहानी का बचपन में सबसे प्रिय खेल था खिलौने की ट्रेन चलाना। अगर हम उनकी ट्रेन पर टक्कर मार दे तो बहुत नाराज होते थे। ऐसे में हमे उम्मीद है कि बढ़ रहे ट्रेन हादसों को वह जरूर कंट्रोल करेंगे। 
उत्तराखंड से कानपुर आए थे इनके पिता - अश्वनी लोहानी के पिता बसंत कुमार लोहानी उत्तराखंड के रहने वाले थे। नैनीताल और अल्मोड़ा में उनका घर है। उन्होंने इंग्लैंड की लीड्स यूनिवर्सिटी से टेक्सटाइल इंजीनियरिंग के बाद पीएचडी की। इसके बाद शहर के गवर्नमेंट सेंट्रल टेक्सटाइल इंस्टीट्यूट (जीसीटीआई) में पढ़ाने लगे। वह यहां हर्ष नगर में आरएस कटियार के मकान मे किराये पर रहते थे। बसंत कुमार के परिवार में बेटा अश्वनी और बेटी कुमकुम थी। रिटायरमेंट के बाद इलाहाबाद, लखनऊ में रहे और बाद में अपने बेटे अश्वनी के साथ दिल्ली में रहने लगे। 2014 में उनकी मृत्यु हो गई।
सेंट एलॉयसिस हाईस्कूल से प्रारंभिक शिक्षा  - अश्वनी लोहानी का एडमीशन कैंट के सेंट एलॉयसिस हाईस्कूल में कक्षा पांच में 18 जुलाई 1967 को हुआ था। उन्होंने यहां पर सीनियर कैंब्रिज (इंटरमीडिएट समकक्ष) तक पढ़ाई की। इस स्कूल में 10 दिसंबर 1973 तक पढ़े। उनकी दिलचस्पी मैकेनिकल इंजीनियरिंग में थी, इसलिए उन्होंने कानपुर के टेक्टसाइल इंस्टीट्यूट में बीटेक में एडमीशन तो लिया लेकिन तीन महीने बाद ही छोड़ दिया क्योंकि उन्हें बिहार के जमालपुर में इंडियन रेलवे इंस्टीट्यूट ऑफ मेकैनिकल एंड इलेक्ट्रिकल इजीनियरिंग में दाखिला मिल गया। उन्होंने वहां से इलेक्ट्रॉनिक्स और टेलीकॉम इंजीनियरिंग की। 
बेटी की शादी में शामिल होगा कटियार परिवार - कटियार परिवार की बहू ने बताया कि आशू भाई साहब ने पंद्रह दिन पहले फोन कर अपनी बेटी की शादी की जानकारी हम लोगों को दी थी। शादी अगले माह दिल्ली में होनी है। उन्होंने पूरे परिवार को इनवाइट किया है। हम सब आशू भाई साहब की बेटी की शादी में शामिल होने के लिए अभी से तैयारी कर रहे हैं। शोभा ने यह भी बताया कि आशू भाई साहब सितंबर के पहले सप्ताह में कानपुर आने के बारे में भी कहा था। रेल एक्स्पर्ट राहुल अस्थाना कहते हैं कि अश्वनी लोहानी एक तेज तर्राट अफसर हैं और उनका फोकस कानपुर और उसके आसपास हुए रेल हादसों पर हो सकता है।
अगले माह मैच, नहीं तैयार ग्रीनपार्क की पिच

कानपुर नगर, कानपुर के ग्रीन पार्क स्टेडिमय में अगले अक्टूबर माह में भारत तथ न्यूजीलैंड के बीच एक दिवसीय मैच होना है, लेकिन पिछले तीन महीने से ग्रीनपार्क की पिच बिना पिच क्यूरेटर के है। दरअसल ग्रीनपार्क की पिच क्यूरेटर का काम अभी तक शिवकुमार देख रहे थे, जिनका गाजीपुर बादला कर दिया गया है और तब से अभी तक किसी क्यूरेटरको नही रखा जा सकता है।
अगले माह मैच है और इस मामले में यूपीसीए ने अपना पल्ला झाड लिया है, जबकि ग्रीनपार्क क्षेत्रीय क्रीडाअधिकारीभी नही बता पा रहें है कि आखिर पिच को क्यूरेटर कब तक मिलेगा। ऐसे में बगैर पिच क्यूरेटर के इस स्टेडियम में होने वाला भारत न्यूजीलैंड का मैच फंसता नजर आ रहा है। बताया जाता है कि एक इंटरनेशनल मैच के लिए पिच को तैयार होने में 30 से 45 दिन का समय चाहिए होता है। 
मामला यूपीसीए का नही ग्रीनपार्क प्रशासन का है
इस मामले में मीडिया प्रवक्ता तालिब का कहना है कि यह मामला यूपीसीए का नही है, यह ग्रनीपार्क प्रशासन का है और वह ही जाने इस स्टेडियम में कबतक पिच क्यूरेटर आयेगा। उधर ग्रीनपार्क क्षेत्रीय क्रीडाअधिकारी अजय सेठी ने मीडिया पर आरोप लगाया कि मीडिया ने शिवकुमार को पिच क्यूरेटर बना दिया जबकि शिवकुमार ग्रनीपार्क स्टेडियम में एक इलेक्ट्रिीशियन नके पद पर कार्य रत थे। वर्तमान में पिच का काम कललू और छोटे लाल के जिम्मे है लेकिन सेठी साहब यह नही बता पाये कि दोने में पिच कयूरेटर का काम कौन देख रहा है। इस मामले मे स्वयं शिवकुमार ने कहा कि छोटे लाल और कल्लू ग्राउंड स्टफ है, वो पिच क्यूरेटर का काम नही कर सकते है, मगर प्रशासन चाहे तो उनसे भी पिच क्यूरेटर का काम करवा सकते है। फिलहाल इन दिनो छुटिटयों में ग्रीनपार्क आये शिवकुमार ग्राउंड पर जाने के बजाय स्टेडियम में बैठकर खिलाडियों को प्रैक्टिस करते देख लुफ्त उठा रहे है।
हलीम मुस्लिम इंग्लिश स्कूल मैनेजमेंट के 
दो गुटों में मारपीट, फोर्स तैनात

कानपुर । चमनगंज का हलीम मुस्लिम इंग्लिश स्कूल इन दिनों जंग का अखाड़ा बना हुआ है। स्कूल में मैनेजमेंट में पिछले कई दिनों से चल रहे विवाद के चलते यहां पर पढ़ने वाले बच्चों का भविष्य फिलहाल अंधकार में ही नजर आ रहा है। विवाद इस कदर  बढ़ गया है कि एक गुट के लोगों ने स्कूल में पहुंच कर हंगामा करने के साथ ही प्रिंसीपल और टीचरों के साथ मारपीट तक की। सूचना पर पहुंची पुलिस और प्रशासन के लोगों ने हंगामें को शांत करवाया।
पिछले कई महिनों से हलीम मुस्लिम इंग्लिश स्कूल में मैनेटमेंट के बीच विवाद चल रहा है। विवाद के चलते कई बार अपनी दावेदारी करने वालें दो गुटों के बीच झगड़ा हो चुका है। स्कूल के विभिन्न पदों पर काबिज होने के लिए दोनो ही पक्ष एक दूसरें पर गंभीर आरोप भी लगा चुके है। प्रिंसिपल फरहा अजीज ने बताया कि हमेशा की तरह स्कूल में पढ़ाई हो रही थी, तभी अचानक शुक्रवार को कुछ लोग स्कूल पहुंचे और हंगामा करने लगे। जिसने भी विरोध किया उसके साथ मारपीट की गयी। अराजकतत्वों पर क्लास में कुर्सी मेज पलटाने के साथ ही बच्चों से भी मारपीट का आरोप है। हंगामें से स्कूल में अफरा-तफरी मच गयी। सूचना पर एडीएम सिटी धर्मेन्द्र सिंह के साथ ही एसपी पश्चिम गौरव ग्रोवर भी मौके पर पहुंचे। स्कूल में जिस तरह से हंगामा हुआ था, उसकी दहशत बच्चों और उनके परिजनों के चेहरें पर साफ दिख रही थी। अभिभावक स्कूल के मैनेजमेंट में चल रही खींचतान को लेकर अपने बच्चों के भविष्य को लेकर परेशान है। एडीएम सिटी धर्मेन्द्र सिंह का कहना है कि डिप्टी रजिस्ट्रार ही ये निर्णय लेगा कि आखिर किसका स्कूल में हक है। फिलहाल बातचीत से विवाद का हल निकालने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रायोगिक भौतिकी साइंस एकेडमीज रिफ्रेशन कोर्स का समापन


राष्ट्रीय लोकदल की मण्डलीय कार्यकर्ताओं की बैठक सम्पन्न 
कानपुर नगर, राष्ट्रीय लोकदल का मण्डलीय कार्यकर्ताओं की बैठक सर्किट हाउस कानपुर में हुई इसमें कानपुर नगर, कानपुर देहात, फर्रुखाबाद, इटावा, उन्नाव, फतेहपुर, औरैया के जिलाध्यक्ष एवं प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित हुए उक्त बैठक में प्रान्तीय अध्यक्ष डा0 मसूद अहमद एवं अनुसूचित जनजाति के प्रान्तीय अध्यक्ष भगवती प्रसाद सूर्यवन्षी पूर्व विधायक तथा मध्य जोन के अध्यक्ष जितेन्द्र सिंह अतिथि के रूप में उपस्थित थे। जिसमें 20 सितम्बर 2017 को अकबरपुर कानपुर देहात में विषाल किसान रैली का आयोजन करने का निर्णय लिया गया जिसके मुख्य अतिथि पार्टी के उपाध्यक्ष जयन्त चैधरी होंगे। शहीद राम गोपाल यादव सी0आर0पी0एफ0 की पत्नी का सम्मान किया गया।
डा0 मसूद अहमद ने अपने सम्बोधन में कहा कि यह देष किसानों और जवानों का है दोनों की अनदेखी हो रही है किसानों का कर्ज माफी का मामला उठाते हुए बताया कि यह सरकार किसान विरोधी है। मोदी और योगी ने सभी मंचों से यह कहा था कि हम किसानों का कर्जा माफ करेंगे जब वह सरकार में आ गये तो तरह-तरह के कर्ज माफ करने के बहाने निकालने लगे एक ओर समर्थन मूल्य किसानों के उपज का डेढ़ गुना ज्यादा देगें भाजपा सरकार इसमें भी विफल साबित हुई केन्द्र व प्रदेष की सरकारों के चलते देष पंग हो गया है। कानून व्यवस्था ध्वस्त है, बिजली की व्यवस्था बहुत खराब है मंहगाई चरमसीमा पर है। भारतीय जनता पार्टी, जन्माष्टमी, कब्रिस्तान और सम्प्रदायिकता में जनता को उलझा कर रखना चाहती है। मोदी और योगी के वायदे कोई भी पूरे नहीं हो रहे हैं मन्चों से झूठ तब बोल रहे थे या अब बोल रहे हैं। मोदी हिटलर के रास्ते पर चल रहे हैं देष जर्मनी की तरह हो जायेगा। ऐसे लोगों को राजनीति में स्थापित होना चाहिए हर मण्डल में एक-एक रैली की जायेगी जिसकी शुरुआत अकबरपुर कानपुर देहात से है। और पदाधिकारियों को निर्देष दिये गये कि जल्द से जल्द बूथ लेबिल तक संगठन का गठन तैयार कर संगठन को चुस्त एवं दुरुस्त करने के लिए प्रदेष पदाधिकारी भी जिला का दौरा करेंगे। इसके लिए एक सेल का गठन किया गया सभी पदाधिकारी उसमें अपनी रिपोर्ट सम्मिट करेंगे। उस सेल का प्रभारी श्री बी0ए0 प्रेमी को बनाया गया। मण्डलीय कार्यकर्ता सम्मेलन की अध्यक्षता मो0 उस्मान ने की संचालक सुरेष गुप्ता ने किया। बैंक में श्री बृजेन्द्र सिंह यादव मण्डल अध्यक्ष ने आये हुए अतिथियों का आभार व्यकत किया उक्त रैली का संयोजक चैधरी धर्मेन्द्र सिंह यादव को बनाया गया सर्वश्री बलवान सिंह, बसन्त सिंह, काजी शहबुद्दीन, भूपाल सिंह, श्रीमती विनय कुमारी, विमलेष पाठक,भानु प्रताप सिंह, राम निवास साक्य, अनन्द सिंह गौतम, सत्येन्द्र खन्ना, राकेष दीक्षित, लतीफ बाबा, मो0 असलम, निषार अहमद, चैधरी रतीराम, राकेष सिंह चैहान, रघुवीर सिंह यादव, दिनेष यादव सहित सैकड़ों लोग मौजूद थे।